योद्धा का कार्य युद्ध करना होता है। संसार में अनेकों योद्धा हुए हैं। कर्ण, द्रोणाचार्य, अर्जुन इत्यादि ये सभी योद्धा थे। योद्धा को संस्कृत में लोधम कहा जाता है [1] भारत में कई योद्धा तो धर्म की रक्षा के लिए लड़े। ऐसे योद्धाओं को धर्म योद्धा भी कहा जाता है।[2]